सीबीआई... सवाल... राजा और राडिया

राजा और राडिया की साठ-गाठ ने देश के सबसे बड़े घोटाले को अंजाम दिया है... जिसकी जाच पड़ताल में सीबीआई जुटी है... 1 लाख 76 करोड़ रु0 के 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में फंसी नीरा राडिया एक बार फ़िर करेगी सीबीआई का सामना... 2जी स्‍पेक्‍ट्रम लाइसेंस में हुए घोटाले से चर्चा में आईं नीरा राडिया लियाजनिंग करने वाली देश की बड़ी हस्तियों में शुमार हैं... टेलीकॉम कंपनियों और सरकार के बीच अहम भूमिका निभाने वाली राडिया से सीबीआई लगातार पूछताछ कर रही है... लेकिन इस घोटाले से कई ऐसे नाम भी जुड़े है जो सफेदपोश की आड़ में देशद्रोह का खेल खेल रहे है... जिसमें राजनेता... उद्योगपति और कई नामी पत्रकार शामिल हैं... बहरहाल इससे पहले भी राडिया को सीबीआई तलब चुकी है... और उनके कई ठिकानों पर छापेमारी भी की गई है... सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट को पिछले महीने दिए एफिडेविट में कहा था कि... इस पूरे मामले में राडिया का रोल संदिग्ध है.... सीबीआई छापे के दौरान कई सबूत मिलने के दावे भी कर रही है... राडिया पर देशद्रोही गतिविधियों में लिप्त होने का आरोप भी है... एफिडेविट में कहा गया है कि राडिया ने 9 साल में 300 करोड़ रुपए का बिजनेस खड़ा कर दिया है.... 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले की जांच में जुटी सीबीआई ने राजा और राडिया पर सीबीआई का शिंकजा कसता ही जा रहा है... 2जी स्पेक्ट्रम मामले में राडिया पर शक की सूई 16 नवंबर 2007 में अटकी... जब राडिया के खिलाफ शिकायत दर्ज की गई... उसके बाद 20 अगस्त 2008 से 120 दिन तक और फिर 11 मई 2009 से 9 जुलाई 2009 तक... 180 दिन राडिया की बातचीत की रिकॉर्ड की गई... 23 दिसंबर 2009 को आयकर  महानिदेशक ने राडिया के 1450  कॉल रिकॉर्ड कर सीबीआई को सौंपे... मई 2010 में सीबीआई ने आयकर महानिदेशक से 20 अगस्त 2008 से 9 जुलाई 2009 तक राडिया की पूरी बातचीत के टेप उपलब्ध कराने को कहा... पहली बार अप्रैल 2010 में राडिया और अन्य के बीच हुई बातचीत आयकर विभाग ने टेप की जो मीडिया में सुर्खियां बनी...... लेकिन नवंबर 2010 में ये टेप पूरी तरह से मीडिया में छा गया... टेप की बातचीत के अंश प्रकाशित करने के लिए उन मैगज़िस को नोटिस भी जारी किए गए जिसने ये टेप प्रकाशित किए थे.... सरकार को भी राडिया पर चोरी और विदेशी ख़ुफ़िया एजेंसियों के लिए जासूसी करने का शक है... सरकार राडिया की बातचीत के 140 टेपों को वापस हासिल नहीं करने की बात कर रही है...क्योंकि ये टेप कई जगह प्रकाशित हो चुकी है.... राडिया देश के दो बड़े उद्योगपतियों की कंपनियों के लिए जनसंपर्क का काम करती थीं... अब तक सार्वजनिक हुए टेप से खुलासा हुआ है कि वो ग्राहक कंपनियों को फायदा पहुँचाने के लिए जर्नलिस्ट से लेकर नेताओं का किस तरह से इस्तेमाल करती रही थीं... देश में 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले से मची उथल-पुथल के बाद सरकार को राडिया पर चोरी और विदेशी ख़ुफ़िया एजेंसियों के लिए जासूसी करने का शक है.... एक तरफ सरकार का कहना है कि वो राडिया की बातचीत के 140 टेपों को वापस हासिल नहीं कर सकती क्योंकि पूरी टेप कई जगह प्रकाशित हो चुकी है... एक न्यूज़ मैग्जीन ने नीरा राडिया की बातचीत के 800 नये टेप मिलने का का दावा किया है... सवाल ये है कि इन 800 टेपों की जानकारी ऐसे समय में मिली है जब सरकार ने नीरा की बातचीत के सारे टेप एक सील बंद लिफ़ाफ़े में सुप्रीम कोर्ट को सौप दिये हैं... राडिया देश के दो बड़े उद्योगपतियों की कंपनियों के लिए जनसंपर्क का काम करती थीं... अब तक सार्वजनिक हुए टेप से खुलासा हुआ है कि वो ग्राहक कंपनियों को फायदा पहुँचाने के लिए जर्नलिस्ट से लेकर नेताओं का किस तरह से इस्तेमाल करती रही थीं...

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